Insert title here
बिहार तेजी से विकास के साथ सर्वाधिक रोजगार पैदा करने वाला राज्य
Date : 2019-02-15
बिहार विधान सभा में बिहार विनियोग (लेखानुदान) विधेयक, 2019 से कुल 77 हजार 338 करोड़ की मांग पर हुए वाद-विवाद के बाद सरकार की ओर से जवाब देते हुए उपमुख्यमंत्री सह वित्त मंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि क्रिसिल की रिपोर्ट के अनुसार बिहार 2013-18 के बीच गुजरात, हरियाणा के साथ कन्स्ट्रक्शन, विनिर्माण, व्यापार, परिवहन व संचार आदि क्षेत्रों में सर्वाधिक रोजगार पैदा करने वाला राज्य रहा है। उपभोक्ता मूल्य सूचकांक के आधार पर महंगाई की अखिल भारतीय दर 3.6 की तुलना में बिहार का मात्र 2.7 प्रतिशत रही।
बिहार में पहले सामाजिक सुरक्षा के दायरे में जहां वृद्धावस्था, विधवा व दिव्यांग पेंशन के तहत कुल 64.5 लाख लाभार्थी थे वहीं अब मुख्यमंत्री वृद्धजन नई पेंशन योजना के 36 लाख 50 हजार लाभार्थियों के उसमें जुड़ जाने से इनकी संख्या बढ़ कर 1 करोड़ 55 हजार हो गयी है जिन पर कुल 4826.47 करोड़ रुपये खर्च होंगे। केवल वृद्धावस्था पेंशन के लाभार्थियों की संख्या अब 80 लाख से ज्यादा हो गयी है।
प्रधानमंत्री पैकेज के तहत सड़क व पुलों के आधारभूत ढांचे के विकास के लिए 50711 करोड़ की कुल 74 योजनाएं कार्यान्वित है जिनमें से 5 का कार्य पूर्ण हो चुका है तथा 40 का जारी है व 19 का कार्य स्वीकृति की प्रक्रिया में हैं। प्रधानमंत्री पैकेज के तहत ही गंगा नदी पर 7 तथा कोसी पर दो नए पुलों के निर्माण की परियोजनाएं स्वीकृत हैं। बहुप्रतीक्षित 31.39 किमी में बनने वाले पटना मेट्रो पर 1365.77 करेड़ रुपये की लागत आयेगी।
प्रधानमंत्री पैकेज के अन्तर्गत ही रामायण, बौद्ध, कांवरिया, गांधी परिपथ तथा पटना साहिब व मंदार एवं अंग प्रदेश विकास की 500 करोड़ की योजनाएं स्वीकृत की गयी है जिन पर अब तक 105.20 करोड़ खर्च किए जा चुके हैं।
24 जिला के 280 प्रखंडों के 13.73 लाख सूखाग्रस्त किसानों के लिए आवंटित 1430 करोड़ में 901 करोड़ उनके खाते में ट्रांसफर किया जा चुका है। डीजल अनुदान प्रति लीटर 35 रुपये से बढ़ा कर 50 रुपये करने के बाद 15.66 लाख किसानों को मात्र 25 दिन में 195 करोड़ दिया जा चुका है। जैविक सब्जी की खेती हेतु 4 जिलों के 17,666 किसानों को 6 हजार रुपये प्रति किसान की दर से 10.45 करोड़ का भुगतान किया जा चुका है, जिसे अब प्रति किसान बढ़ा कर 8 हजार किया जा रहा है।
बिहार विधान सभा में पुलवामा के शहीदों को श्रद्धांजलि देते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा-
‘‘मेरा देश, मेरी जान है, मेरा गर्व है, अभिमान है।
और ये अभिमान है जिन्दा, क्योंकि सीमा पर वीर जवान हैं।
जल हो, जमीन या आसमान, कभी झुके नहीं भारत की शान।
मेरे देश के जवान, तुझको शत््-शत्् प्रणाम। ’’
Download
LEKHANUDAN-15-02-2019 - Copy.pdf
LEKHANUDAN-15-02-2019 - Copy.docx



पटना मेट्रो का शिलान्यास 17 को करने का प्रधानमंत्री से आग्रह
Date : 2019-02-13
उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने केन्द्रीय मंत्रिमंडल से स्वीकृति मिलने के बाद 13365.77 करोड की लागत से 31.39 किमी लम्बाई में बनने वाले पटना मेट्रो का शिलान्यास 17 फरवरी को बेगूसराय स्थित बरौनी फर्टिलाइजर के शिलान्यास समारोह के दौरान ही करने का प्रधानमंत्री से आग्रह किया है। पटना मेट्रो की स्वीकृति पर प्रसन्नता व्यक्त हुए उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को धन्यवाद दिया है तथा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के प्रति भी आभार जताया है जो इसके लिए लम्बे समय से प्रयासरत थे।
श्री मोदी ने कहा है कि पटना मेट्रो रेल प्रोजेक्ट की स्वीकृति से अन्य बड़े शहरों की तरह पटनावासियों का भी मेट्रो का वर्षों पुराना सपना पूरा होगा।
Download
PATNA METRO-13-02-2019.pdf
PATNA METRO-13-02-2019.docx



वित मंत्री के नाते 10 वीं बार विधानमंडल में बजट पेश करेंगे सुशील मोदी
Date : 2019-02-11
उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी वित मंत्री के नाते 10 वीं बार बिहार विधान मंडल में मंगलवार को वर्ष 2019-20 का वार्षिक बजट पेष करेंगे। इस बार बजट पूर्व उद्योग-व्यापार व परिवहन प्रक्षेत्र के अलावा शहरी व ग्रामीण निकाय के प्रतिनिधियों तथा कृषि, सहकारिता, वानिकी, मत्स्य व मुर्गीपालक किसानों के साथ अलग-अलग बैठक करके तथा सार्वजनिक तौर पर आॅनलाइन व आॅफलाइन सुझाव हासिल कर उसके अनुरूप बजट तैयार किया गया है।
2005-06 में एनडीए की सरकार बनने के बाद चुनावी वर्ष को छोड़ कर राज्य में बजट उपस्थापन के बाद विनियोग विधेयक के द्वारा 31 मार्च तक पूर्ण बजट पारित कराने की परम्परा रही है। वर्ष 2019 के चुनावी वर्ष होने के कारण बिहार विधान मंडल का सत्र अल्पावधि का है, जिससे चालू सत्र में मांगवार विचार किया जाना संभव नहीं है। अतः वर्ष 2019-20 के बजट उपस्थापन के बाद अगामी 15 फरवरी को लेखानुदान संबंधी प्रस्ताव पर वाद-विवाद के बाद मतदान होगा और तत्सम्बन्धी 4 माह के खर्च के लिए विनियोग विधेयक पारित कराया जायेगा । वर्ष 2019-20 में लेखानुदान के रूप में कुल बजट प्राक्कलन में से निर्वाचन, गृह एवं आपदा प्रबंधन मद की सम्पूर्ण राशि तथा शेष मदों के एक तिहाई यानी 33 प्रतिशत व्यय करने हेतु प्रस्तावित की जायेगी।
Download
BUDGET-11-02-2019.pdf
BUDGET-11-02-2019.docx



बिहार की 13 वीं आर्थिक सर्वेक्षण रिपोर्ट सदन में प्रस्तुत करेंगे उपमुख्यमंत्री
Date : 2019-02-10
उपमुख्यमंत्री सह वित्त मंत्री श्री सुशील कुमार मोदी 11 फरवरी, 2019 को विधान मंडल में बिहार की 13 वीं आर्थिक सर्वेक्षण रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगे।
वर्ष 2018-19 की आर्थिक सर्वेक्षण रिपोर्ट में राज्य की वित्तीय स्थिति के साथ कृषि व उसके सहयोगी क्षेत्र, ऊर्जा , ग्रामीण व शहरी विकास तथा बैंकिंग जैसे क्षेत्रों की क्या स्थिति है और क्या रहने की संभावना है, की समीक्षा की गई है।
मालूम हो कि राज्य सरकार वर्ष 2006-07 से प्रति वर्ष राज्य की वित्तीय गतिविधियां, हालात और प्रगति पर आधारित सर्वेक्षण रिपोर्ट प्रति वर्ष बजट सत्र के पहले दिन विधान मंडल में प्रस्तुत करती है। यह एक ऐसा आर्थिक दस्तावेज होता है जो न केवल राज्य की वित्तीय स्थिति व प्रगति को दर्शाता है,बल्कि बिहार की आर्थिक स्थिति पर शोध,अध्ययन करने वालों को भी दिशा-निर्देश देता है।
Download
sushil-modi-770x433.jpg



12 वर्षों में बिहार के दूध उत्पादन में तीन गुना वृद्धि
Date : 2019-02-07
बापू सभागार, पटना में नेशनल डेयरी एसोसिएशन द्वारा आयोजित 47वीं डेयरी इंडस्ट्री कॉन्फ्रेंस-2019 को सम्बोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि सुधा डेयरी के बिहार-झारखंड मिलाकर 21 प्लांट से प्रतिदिन का 32 लाख लीटर दुग्ध की प्रोसेसिंग की जा रही है जो पिछले 12 वर्षों में तीन गुना अधिक है। सुधा डेयरी प्रतिदिन 1.8 लाख लीटर दूध से दुग्ध उत्पाद तैयार करती है। बिहारशरीफ में 4 लाख लीटर क्षमता का डेयरी प्लांट स्थापित किया गया है। 2016-17 में कॉम्फेड सहित बिहार के सभी दुग्ध उत्पादक संघों ने 3,255 करोड़ रुपये का व्यापार किया जिसमें कॉम्फेड का कारोबार 908 करोड़ था तथा उसने इसी अवधि में 68 करोड़ 33 लाख का मुनाफा कमाया है।
बिहार दुग्ध उत्पादन में पूर्वोत्तर भारत ( बंगाल, उड़ीसा और असम समेत नार्थ-इस्ट के सभी राज्यों) में प्रथम स्थान पर है। बिहार सरकार कॉम्फेड को हरेक प्रकार की मदद कर रही है। कॉम्फेड ने 704 करोड़ का ऋण एनसीडीसी से लिया है जिसके ब्याज का वहन करने का निर्णय राज्य सरकार ने लिया है।
बिहार सरकार 64 करोड़ की लागत से पूर्णिया में सीमेन स्टेशन व 33 करोड़ की लागत से मोतिहारी में अत्याधुनिक तकनीक द्वारा सिर्फ बाछी पैदा करने वाली सीमेन सेप्रेशन केन्द्र का निर्माण करा रही है।
2005 के पूर्व बिहार में लोग अनजान थे कि जानवरों का भी टीकाकरण होता है। अभी डेढ़ करोड़ पशुओं को प्रतिवर्ष अलग- अलग प्रकार के टीके लगाये जा रहे हैं। साथ ही राज्य में कैटल फीड के कारखाने भी बड़ी संख्या में स्थापित हो रहे हैं।
केंद्र सरकार ने बजट में प्रावधान किया है कि केसीसी के तर्ज पर डेयरी और फिशरी के लिए भी ससमय ऋण भुगतान करने वालों को मात्र 4 प्रतिशत ब्याज देना होगा। साथ ही पशु नस्ल सुधार हेतु “राष्ट्रीय कामधेनु आयोग“ का भी गठन किया है।
Download
DAIRY-07-02-2019.pdf
DAIRY-07-02-2019.docx



अगस्त से पहले ईंट-भट्ठों को स्वच्छतर तकनीक में परिवर्तित कर लें
Date : 2019-02-07
बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और ईंट निर्माता संघ की ओर से आयोजित ‘ईंट निर्माण हेतु स्वच्छतर तकनीक’ विषयक कार्यशाला के उद्घाटन के बाद उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि राज्य के करीब 7 हजार ईंट-भट्ठों में 2 हजार स्वच्छतर तकनीक में परिवर्तित हो चुका है। शेष बचे ईंट-भट्ठों को इस साल अगस्त के पहले नई स्वच्छतर तकनीक में बदल लें। नई तकनीक अपनाने वालों को कोयला नीति 2007 के तहत अनुदानिद दर पर प्राथमिकता के आधार पर कोयला उपलब्ध कराया जायेगा। ईंट-भट्ठों के बकाये के निपटारे के लिए सरकार शीघ्र वन टाइम सेटलमेंट स्कीम लायेगी।
श्री मोदी ने कहा कि ईंट-भट्ठों की समस्याओं पर विचार करने के लिए जल्द ही खनिज, श्रम, वन, पर्यावरण व जलवायु परिवर्ततन, पुलिस, वाणिज्यकर व परिवहन आदि विभागों की बैठक की जायेगी। अन्य राज्यों में ईंट-भट्ठों के संचालन के लिए क्या नियमावली अपनाई गयी है और बिहार में क्या कमी है, इसपर भी विचार किया जायेगा।
जीएसटी लागू होने के बाद बिहार के 3944 ईंट-भट्ठा निबंधित है। कम्पोजिशन स्कीम के कारण 2016-17 की 51 करोड़ की तुलना में 2017-18 में मात्र 5 करोड़ ही ईंट-भट्ठा संचालकों को टैक्स देना पड़ा है। ईंट-भट्ठा के लिए अलग से कम्पोजिशन स्कीम का मुद्दा जीएसटी कौंसिल में उठाया है, मगर इसे लागू करना पूरे देश की सहमति पर निर्भर करता है।
उन्होंने कहा कि 2017-18 में खनिज विभाग के तहत राज्य के 6043 ईंट-भट्ठे निबंधित थे तथा उनसे 45 करोड़ का राजस्व प्राप्त हुआ, जबकि 2018-19 में मात्र 25 करोड़ का राजस्व ही प्राप्त हुआ है।
नई तकनीक से संचालित ईंट-भट्ठों में 1 लाख ईंट पकाने में 20 टन की जगह मात्र 12 टन कोयले की जरूरत होगी तथा इससे कार्बन उत्सर्जन भी कम होगा जिससे प्रदूषण पर नियंत्रण में मदद मिलेगी। प्रदूषण की गंभीर चुनौती है। एनजीटी, राज्य व केन्द्र सरकार के पर्यावरण मंत्रालय सभी इस चुनौती का मुकाबला कर रहे हैं। राज्य सरकार चाहती है कि ईंट-भट्ठे बेहतरीन तरीके से चले, इसमें सभी से सहयोग की अपेक्षा है।
Download
INT-BHATTHA-07-02-2019.PDF
INT-BHATTHA-07-02-2019.docx



वैशाली में होगा 300 करोड़ से बुद्ध संग्रहालय व स्मृति स्तूप का निर्माण
Date : 2019-02-06
ज्ञान भवन पटना में इंडियन आर्कोलॉजिकल सोसाइटी और बिहार सरकार के कला, संस्कृति व युवा विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित त्रिदिवसीय ‘राष्ट्रीय संगोष्ठी’ को सम्बोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि वैशाली में भगवान बुद्ध के पवित्र अस्थि कलश को प्रदर्शित करने के लिए 300 करोड़ रुपये की लागत से ‘बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय सह स्मृति स्तूप’ का निर्माण कराया जायेगा जो पूर्णतया पत्थर से निर्मित विशाला संरचना होगा। 15 वें वित्त आयोग की टीम से बिहार सरकार ने 417 करोड़ रूपये की मांग की है जिससे पुरातात्विक स्थलों की खुदाई, संरक्षण व संवर्धन समेत विभिन्न संग्रहालयों का निर्माण किया जाएगा।
बिहार सरकार ने भागलपुर व नवादा के देवनगढ़ में पुरातत्व सर्वेक्षण कराया है। देवनगढ़ में पाल कालीन मंदिर एवं कुषाण कालीन ईट निर्मित संरचना का अवशेष मिला है। भागलपुर में सर्वेक्षण के दौरान 200 पुरास्थलों की खोज हुई है। सारण, अरवल और रोहतास में खुदाई कार्य प्राभं हुआ है। साथ ही दरभंगा व पूर्णिया में पुरातात्विक सर्वेक्षण किए जा रहे हैं।
विश्वप्रसिद्ध नालंदा विश्वविद्यालय के भग्नावशेष से 30 किमी दूर तेल्हाड़ा में साइट म्युजियम का निर्माण कराया जा रहा है। लखीसराय की लाली पहाड़ी की खुदाई में ‘डांसिंग बुद्ध’ की मूर्ति मिली है। सरकार ने पुरातत्व भवन व पुरातात्विक अवशेष के संरक्षण हेतु लैब के निर्माण का निर्णय लिया है। साथ ही पुरातात्विक-ऐतिहासिक स्थलों को चिन्ह्ति कर पुरातात्विक एटलस का निर्माण कराया जायेगा। ज्ञान भवन पटना में इंडियन आर्कोलॉजिकल सोसाइटी और बिहार सरकार के कला, संस्कृति व युवा विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित त्रिदिवसीय ‘राष्ट्रीय संगोष्ठी’ को सम्बोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि वैशाली में भगवान बुद्ध के पवित्र अस्थि कलश को प्रदर्शित करने के लिए 300 करोड़ रुपये की लागत से ‘बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय सह स्मृति स्तूप’ का निर्माण कराया जायेगा जो पूर्णतया पत्थर से निर्मित विशाला संरचना होगा। 15 वें वित्त आयोग की टीम से बिहार सरकार ने 417 करोड़ रूपये की मांग की है जिससे पुरातात्विक स्थलों की खुदाई, संरक्षण व संवर्धन समेत विभिन्न संग्रहालयों का निर्माण किया जाएगा।
बिहार सरकार ने भागलपुर व नवादा के देवनगढ़ में पुरातत्व सर्वेक्षण कराया है। देवनगढ़ में पाल कालीन मंदिर एवं कुषाण कालीन ईट निर्मित संरचना का अवशेष मिला है। भागलपुर में सर्वेक्षण के दौरान 200 पुरास्थलों की खोज हुई है। सारण, अरवल और रोहतास में खुदाई कार्य प्राभं हुआ है। साथ ही दरभंगा व पूर्णिया में पुरातात्विक सर्वेक्षण किए जा रहे हैं।
विश्वप्रसिद्ध नालंदा विश्वविद्यालय के भग्नावशेष से 30 किमी दूर तेल्हाड़ा में साइट म्युजियम का निर्माण कराया जा रहा है। लखीसराय की लाली पहाड़ी की खुदाई में ‘डांसिंग बुद्ध’ की मूर्ति मिली है। सरकार ने पुरातत्व भवन व पुरातात्विक अवशेष के संरक्षण हेतु लैब के निर्माण का निर्णय लिया है। साथ ही पुरातात्विक-ऐतिहासिक स्थलों को चिन्ह्ति कर पुरातात्विक एटलस का निर्माण कराया जायेगा।
झारखंड के अलग होने से बिहार खनिज-संपदा विहीन हो गया लेकिन हमारे पास ऐसी धार्मिक, सांस्कृतिक, बौद्धिक और पुरातात्विक संपदा समेत महान परंपरा और विरासत है, जो दुनिया को बिहार आने के लिए बाध्य कर देती है। 40 हजार से ज्यादा विदेशी बौद्ध श्रद्धालु प्रतिमाह बोधगया आ रहे हैं।
भारत सरकार ने पुरातत्वविद डा. डी के चक्रवर्ती, केसरिया बौध स्तूप की खुदाई करने वाले डा. के के मोहम्मद व शारदा श्रीनिवासन को पद्मश्री प्रदान कर पुरातत्वविदों का सम्मान बढ़ाया है।
झारखंड के अलग होने से बिहार खनिज-संपदा विहीन हो गया लेकिन हमारे पास ऐसी धार्मिक, सांस्कृतिक, बौद्धिक और पुरातात्विक संपदा समेत महान परंपरा और विरासत है, जो दुनिया को बिहार आने के लिए बाध्य कर देती है। 40 हजार से ज्यादा विदेशी बौद्ध श्रद्धालु प्रतिमाह बोधगया आ रहे हैं।
भारत सरकार ने पुरातत्वविद डा. डी के चक्रवर्ती, केसरिया बौध स्तूप की खुदाई करने वाले डा. के के मोहम्मद व शारदा श्रीनिवासन को पद्मश्री प्रदान कर पुरातत्वविदों का सम्मान बढ़ाया है।
Download
SANGOSHTHI-06-02-2019PDF.pdf
SANGOSHTHI-06-02-2019.docx



राज्यपाल का अभिभाषण व प्रश्नकाल नहीं होना चाहिए बाधित
Date : 2019-02-06
बिहार विधान मंडल के सेंट्रल हॉल के उद्घाटन समारोह को सम्बोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि राज्यपाल के अभिभाषण व प्रश्नकाल को विपक्ष को बाधित नहीं करना चाहिए। विपक्ष के लिए सरकार को धेरने का सबसे बेहतर मौका प्रश्नकाल ही होता है। प्रश्नकाल को बाधित कर विपक्ष सरकार का नहीं, एक तरह से जनता का ही अहित करता है।
देश जब आजाद हुआ तो कतिपय लोगों का यह मानना था कि लम्बे समय तक देश एकजुट नहीं रह पायेगा। मगर गुजरे 75 साल में देश ने दिखा दिया है कि संविधान की मर्यादा और लोकतंत्र की रक्षा करने में हम सक्षम है। भारतीय संविधान में ब्रिटिश संसदीय परम्परा से बहुत कुछ लिया गया है। ब्रिटेन का संविधान अलिखित मगर भारत का लिखित है। भारत में राष्ट्रपति का निर्वाचन होता है जबकि ब्रिटेन में राजा/रानी वंशानुगत होता है। ब्रिटेन का हाउस ऑफ लार्ड्स भारत की राज्यसभा की तरह है, मगर हाउस ऑफ लार्ड्स के लिए चुना गए सदस्य आजीवन होता है।
ब्रिटेन में संसद सर्वोपरि है, मगर भारत में विधायिका व न्यायपालिका दोनां सार्वभौम है। भारत में संसद को संविधान में संशोधन व कानून बनाने का तो न्यायपालिका को उसकी समीक्षा करने का अधिकार है। भारत की संसद संविधान की मूलभूत ढांचा यथा केन्द्र-राज्यों की शक्ति के पृथककरण, संसदीय लोकतंत्र व धर्मनिरपेक्षता के मौलिक सिद्धांत में संशोधन नहीं कर सकती है।
ब्रिटेन में जब हाउस ऑफ कॉमन और हाउस ऑफ लार्ड्स के संयुक्त अधिवेशन को महारानी सम्बोधित करने आती हैं तो हाउस ऑफ कॉमन के दरवाजे को बंद कर दिया जाता है। सदस्यों को हाउस ऑफ लार्ड्स के दरवाजे से अंदर आना होता है। इसके पीछे की कहानी है कि 500 साल पहले राजाओं ने घोड़े पर सवार हो कर हाउस ऑफ कॉमन में प्रवेश कर लिया था। ब्रिटेन की संसदीय परम्परा से प्रभावित होने के बावजूद भारतीय संविधान में दुनिया के अनेक देशों के संविधान की कई अच्छाइयां समाहित है।
Download
CENTRAL HALL-06-02-2019.docx
CENTRAL HALL-06-02-2019.PDF



नागपुर व देहरादून में ‘भारत के मन की बात’ कार्यक्रम में शामिल होंगे सुशील मोदी
Date : 2019-02-06
उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी 8 को नागपुर और 10 फरवरी को देहरादून में आयोजित ‘ भारत के मन की बात, प्रधानमंत्री मोदी के साथ’ कार्यक्रम में भाग लेंगे। इस कार्यक्रम के माध्यम से लोकसभा चुनाव के लिए भाजपा के संकल्प तैयार करने हेतु आम लोगों से उनके सुझाव लिए जा रहे हैं। श्री मोदी ने बताया कि भाजपा ने पूरे देश में अपने संकल्प पत्र तैयार करने की प्रक्रिया का इस कार्यक्रम के माध्यम से लोकतांत्रिककरण किया है। देश भर में 300 रथ के जरिए सुझाव पेटिका आम लोगों के बीच रखी गई है। अगले एक महीने तक 10 करोड़ लोगों का सुझाव एकत्र कर उसके आधार पर भाजपा अपना संकल्प पत्र तैयार करेगी।
आम लोगों से इस कार्यक्रम के माध्यम से यह जाना जायेगा कि 5 साल में भारत में क्या बदलाव हुआ, अगले 5 साल में देश की जनता कैसा भारत चाहती है? आम लोगों के बीच जा कर उनकी अपेक्षा, आकांक्षा जानने का यह महासंवाद है। इसके अलावा वेबसाइट, फेसबुक, ट्वीटर, इंस्टाग्राम आदि के जरिए भी आम लोगों से सुझाव लिए जा रहे हैं। संकल्प पत्र में जनाकांक्षाओं को समाहित करने के लिए सभी माध्यमों का उपयोग किया जा रहा है जो एक अनूठा प्रयोग है।
Download
NAGPUR-06-02-2019.PDF
NAGPUR-06-02-2019.docx



बंगाल में हालात इमरजेंसी से भी खराब
Date : 2019-02-05
उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि बंगाल में योगी आदित्यनाथ के हेलीकाॅप्टर को नहीं उतरने देना, अमित शाह की सभा औरा भाजपा नेताओं पर रोक लगा कर ममता बनर्जी ने हालत इमरजेंसी से भी बदत्तर कर दिया है। जिस प्रकार चारा घोटाले के सबूतों व तथ्यों को अपने कब्जे में लेने व नष्ट करने के लिए लालू प्रसाद ने तत्कालीन पशुपालन निदेशक रामराज राम, पशुपालन सचिव बेक जुलियस और वित आयुक्त फूलचंद सिंह को लेकर एएसआईटी का गठन किया था जो बाद में सीबीआई की जांच में दोषी पाए गए और कोर्ट से उन्हें सजा मिली उसी प्रकार सारधा घोटाले के आरोपियों को बचाने के आरोपों से धिरे पुलिस आयुक्त राजीव कुमार को एसआईटी का प्रमुख बना कर ममता बनर्जी ने भी सबूतों को नष्ट करने का षड़यंत्र रचा है। जो हाल बिहार में एसआईटी का चारा घोटाले में लालू यादव ने किया था वहीं ममता बंगाल के सारधा घोटाले में करने वाली है।
सुप्रीम कोर्ट का आज का फैसला ममता बनर्जी के लिए करारा झटका है जिसमें कोर्ट ने राजीव कुमार को सीबीआई के समक्ष पेश होने का निर्देश दिया है। सीबीआई की बार-बार नोटिस के बावजूद उपस्थित नहीं होने वाले राजीव कुमार को अब अगर ममता में हिम्मत है तो रोक कर दिखाएं। अगर ममता इसे अपनी जीत बता रही है,तो ऐसी जीत उन्हें मुबारक हो।
श्री मोदी ने कहा कि केंद्र सरकार को तत्काल कोलकाता के पुलिस कमिश्नर राजीव कुमार को निलंबित कर देना चाहिए। अखिल भारतीय सेवा के जो अन्य अधिकारी धरना पर बैठे उनके खिलाफ भी केंद्र सरकार तत्काल कार्रवाई करे।
श्री मोदी ने कहा कि ममता के समर्थन में तेजस्वी जैसे लोग आए हैं जो खुद भ्रष्टाचार में लिप्त हैं। 29 साल की उम्र में तेजस्वी 53 बेनामी सम्पति के मालिक हैं। आई आर सी टी सी घोटाले में अभी जमानत पर है। पीएम मोदी से डरकर सारे भ्रष्टाचारी इकट्ठा हो रहे हैं।
सवालिया लहजे में कहा, क्या किसी राज्य के अंदर दूसरे राज्य के मुख्यमंत्री को जाने का अधिकार नहीं है? तो फिर यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ को क्यों रोका गया? बंगाल में ममता ने लोकतांत्रिक मूल्यों का गला घोंट दिया है। उन्होंने कहा कि बंगाल की जनता इस बार लोक सभा चुनाव में ममता बनर्जी को सबक सिखा देगी।
Download
BANGAL-05-02-2019.pdf
BANGAL-05-02-2019.docx



प्रत्येक पंचायत में स्थापित होंगे 5 हॉटस्पॉट,गांव-टोले में मिलेगी इंटरनेट की सुविधा
Date : 2019-02-02
ज्ञानभवन में आयोजित ‘एसटीपीआई पटना में इन्क्यूबेशन सेंटर’ के शिलान्यास समारोह को सम्बोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि प्रत्येक ग्राम पंचायत में 5 हॉटस्पॉट स्थापित किए जायेंगे जिनमें 3 सरकारी भवनों, 1 ग्राम पंचायत भवन व 1 भीड़भाड़ वाली जगह पर होंगे। इससे 1 किमी के दायरे में हाईस्पीड इंटरनेट की सुविधा मिलेगी ताकि सरकार की विभिन्न डिजिटल सेवाओं का लाभ इंटरनेट के जरिए लोगों को अपने गांव और टोले में ही मिल सके और उन्हें कार्यालयों में भटकना नहीं पड़े।
श्री मोदी ने कहा कि भारत नेट के माध्यम से राज्य के 6105 पंचायतों में हाईस्पीड ब्रॉडबैंड इंटरनेट सेवा के लिए ऑप्टीकल फाइबर बिछाने के बाद दूसरे चरण में शेष बचे 180 प्रखंडों के 2,692 पंचायतों में 700 करोड़ की लागत से ऑप्टीकल फाइबर बिछाने का काम जून, 2019 में पूरा हो जायेगा। 700 ग्राम पंचायत भवनों में कॉमन सर्विस सेंटर स्थापित कर उसे हाई स्पीड इंटरनेट उपलब्ध कराये जा रहे हैं। अगले 2 महीने में 5200 सरकार भवनों में कॉमन सर्विस सेंटर काम करना प्रारंभ कर देगा। प्रत्येक सेंटर को 500 रु. बिजली व 3 हजार ऑप्टीकल फाइबर के संरक्षण व रखरखाव के लिए प्रतिमाह दिए जा रहे हैं। इसके लिए 43 करोड़ बजट का प्रावधान किया गया हैं।
सभी 38 जिलों, 101 अनुमंडल कार्यालयों एवं 534 प्रखंड कार्यालयों को बिहार स्टेट वाइड एरिया नेटवर्क (BSWAN) परियोजना के अन्तर्गत एमपीएलएस नेटवर्क 2.0 से आपस में 473 करोड़ की लागत से जोड़ा जा रहा है। इसके अलावा 351 करोड़ की लागत से स्टेट डाटा सेंटर तथा डाटा की सुरक्षा के लिए 30 करोड़ की लागत से ‘डिजास्टर रिकॉवरी सेंटर’ की स्थापना की जा रही है।
एसटीपीआई, पटना के एक लाख वर्गफीट में विस्तारीकरण के लिए सरकार ने मुफ्त में 3 एकड़ जमीन उपलब्ध कराने के अलावा कुल लागत 53 करोड़ में 26 करोड़ का अंशदान भी दिया है, जहां जी प्लस छह मंजिला भवन का निर्माण अगले 2 साल में होगा। बिहटा आईटी पार्क के लिए 58 एकड़ जमीन, दरभंगा व भागलपुर में एसटीपीआई के लिए 2-2 एकड़ जमीन और बक्सर तथा मुजफ्फरपुर में नाइलेट की स्थापना के लिए 1-1 एकड़ जमीन उपलब्ध कराई गयी जहां शीर्घ ही निर्माण कार्य प्रारंभ हो जायेगा।
Download
HOTSPOT-02-02-2019.docx
HOTSPOT-02-02-2019.PDF



केन्द्रीय बजट सर्जिकल स्ट्राइक जैसा, विपक्ष की बोलती बंद
Date : 2019-02-01
केन्द्रीय बजट पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि सर्जिकल स्ट्राइक जैसे 2019-20 के बजट से विपक्ष की बोलती बंद है। नरेन्द्र मोदी के सर्वस्पर्शी बजट में किसान, श्रमिक, असंगठित क्षेत्रों के मजदूर व मध्यम वर्ग का खास ख्याल रखा गया है जिसका सर्वाधिक लाभ बिहार जैसे राज्य को मिलेगा जहां 91 प्रतिशत लघु व सीमांत किसान हैं। खास तरह के इस सर्जिकल स्ट्राइसक जैसे बजट से विपक्ष की बोलती बंद है।
श्री मोदी ने कहा कि 2019-20 में 75 हजार करोड़ रुपये खर्च कर 2 हेक्टेयर तक के जोत वाले देश के 12 करोड़ किसानों को सरकार उनके खाते में 6-6 हजार रुपया देगी जिसका सबसे अधिक लाभ बिहार जैसे राज्य को मिलेगा जहां जोत का औसत आकार 0.84 हेक्टेयर है। इसी प्रकार पशुपालन व मत्स्य पालन के किसानों को केसीसी के तर्ज पर 4 प्रतिशत ब्याज पर मिलने वाले कर्ज का लाभ भी बिहार को सर्वाधिक होगा। मत्स्य पालन के लिए केन्द्र में अलग विभाग के गठन की घोषणा भी स्वागतयोग्य है। आपदा की स्थिति में पहले किसानों के कर्ज पर पुनर्संरचना के एक साल के लिए 2 प्रतिशत ब्याज अनुदान मिलता था जिसे बढ़ा कर अब पूरे पुनर्संरचना की अवधि में 3 प्रतिशत ब्याज अनुदान देने की घोषणा से किसानों को ज्यादा लाभ मिलेगा।
मध्यम वर्ग के लोगों को आयकर की सीमा 2.5 लाख से बढ़ा कर 5 लाख करने से बड़ी राहत मिली है। इसके अलावा स्टैंडर्ड डिडक्शन 40 से बढ़ा कर 50 हजार करने से नौकरी पेशा और बैंक तथा पोस्टऑफिस में जमा राशि पर मिलने वाले 40 हजार तक के ब्याज को टीडीएस से मुक्त करने तथा रेंट से प्राप्त आय पर टीडीएस की सीमा को 1.80 लाख से बढ़ा कर 2.40 लाख करने से महिलाओं, बुजुर्गों व मध्यम वर्ग को लाभ मिलेगा। असंगठित क्षेत्र के मजदूरों के लिए बजट में पेंशन के प्रावधान से करोड़ों मजदूरों को अल्प अंशदान पर 60 साल की उम्र के बाद प्रतिमाह कम से कम 3 हजार की राशि पेंशन के तौर पर मिल पायेगी। नई पेंशन योजना के तहत श्रमिकों के पेंशन में अपने अंशदान को केन्द्र सरकार ने 10 से बढ़ा कर 14 प्रतिशत कर दिया है। 21 हजार तक वेतन पाने वालों को भी बोनस तथा 25 हजार प्रतिमाह सैलरी वालों को ईएसआई की सुविधा मिलेगी।
Download
BUDGET REACTION-01-02-2019.PDF
BUDGET REACTION-01-02-2019.docx



उपमुख्यमंत्री ने किया जाॅर्ज फर्नांडिस के पार्थिव षरीर पर पुष्पार्पण
Date : 2019-01-30
उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने नई दिल्ली स्थित जाॅर्ज फर्नांडिस के आवास पर जाकर उनके पार्थिव शरीर पर पुष्पार्पण कर अपनी विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान उनकी पत्नी श्रीमती लैला कबीर से मिलकर उन्हें सत्वांना दी तथा विजिटर बुक में शोकोदगार व्यक्त करते हुए लिखा कि-‘ऐसा लड़ाकू सदियों में विरले ही पैदा होता है।
श्री मोदी ने कहा कि जुझारूपन और संघर्षशीलता के प्रतीक जाॅर्ज फर्नांडिस के निधन से देश और राजनीति को अपूरणीय क्षति हुई है, जिसकी भरपाई संभव नहीं है। बिहारवासियों के दिलों में रचे-बसे जाॅर्ज फर्नांडिस की कमी सदैव खलेगी।
Download
GEORGE-30-01-2019.pdf
GEORGE-30-01-2019.docx
PHOTO-3.jpg
PHOTO-2.jpg



जीएसटी में रजिस्ट्रेशन हेतु टर्न-ओवर की सीमा 20 लाख से बढ़ाकर की गई 40 लाख
Date : 2019-01-28
उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी की अध्यक्षता में वर्ष 2019-20 के बजट के पूर्व तृतीय बैठक का आयोजन पुराना सचिवालय के सभागार में किया गया जिसमें उद्योग, व्यवसाय एवं परिवहन प्रक्षेत्र के प्रतिनिधिगण, संबंधित विभागों के पदाधिकारीगण व अन्य लोग उपस्थित थे।
बैठक को संबोधित करते हुए श्री मोदी ने कहा कि वैट के तहत लम्बित कर (Tax demand) के मामले के निष्पादन हेतु व्दम ज्पउम ैमजजसमउमदज योजना शीघ्र ही शुरू होगी। साथ ही, जीएसटी प्रणाली लागू होने के पूर्व वर्ष 2017-2018 में प्रथम तिमाही में लागू वैट के लिए दाखिल त्रैमासिक विवरणी को वार्षिक विवरणी मान लिया जायेगा। माह जुलाई, 2017 से माह सितम्बर, 2018 तक की विवरणियाँ 31 मार्च, 2019 तक दाखिल किये जाने पर विलंब फीस से छूट प्रदान की गई है तथा जीएसटी प्रणाली में रजिस्ट्रेशन हेतु टर्न-ओवर की निर्धारित सीमा 20 लाख रूपये से बढ़ाकर 40 लाख रूपये कर दी गई है।
उन्होंने कहा कि Compounding Scheme के तहत आने वाले करदाताओं के लिए Gross Turn Over की अधिकतम सीमा भी 1 करोड़ रूपये से बढ़ा कर 1.5 करोड़ रूपये कर दिया गया है तथा उन्हें त्रैमासिक विवरणी के स्थान पर वार्षिक विवरणी दाखिल करने की सुविधा प्रदान की गई है। 50 लाख रूपये तक सालाना कारोबार करने वाले सेवा प्रदाता को भी इस योजना का लाभ दिये जाने का निर्णय लिया गया है। करदाताओं को राज्य के अंदर एक पैन पर एक से ज्यादा निबंधन लिये जाने का प्रावधान किया गया है। परंतु बिना रिर्टन दाखिल किये टैक्स जमा नहीं होगा।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि 5 अक्टूबर, 2018 से डीजल की दरों को 26 प्रतिशत से घटा कर 22.20 प्रतिशत एवं पेट्रोल की दर को 19 प्रतिशत से घटाकर 15 प्रतिशत कर दिया गया है।
उन्होंने कहा कि बिहार में जीएसटी के अंतर्गत निबंधित 3,88,259 व्यवसायियों में 1,68,205 वैट से माईग्रेटेड एवं 220054 नया निबंधन लेने वाले शामिल हैं। बिहार में 98000 Composition एवं 289755 नियमित करदाता है।
उद्योग, व्यवसाय एवं परिवहन प्रक्षेत्र के प्रतिनिधियों ने पर्यटन, भंडारण और चाय पत्ती के लिए अलग नीति बनाने अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति को बैंकों से ऋण लेने हेतु मार्जिन मनी में राज्य सरकार द्वारा अनुदान देने, पेशा कर को समाप्त करने, बिजली के वाहन हेतु नई नीति लाने तथा उनके निबंधन शुल्क में 50 प्रतिशत की रियायत देने आदि सुझाव दिये।
Download
Press Release 28-01-2019.docx
Press Release 28-01-2019.pdf



केसीसी के तर्ज पर डेयरी, फिशरी, पॉल्ट्री को भी कर्ज मिलें
Date : 2019-01-28
ज्ञान भवन में आयोजित ‘बिहार लाइवस्टॉक मास्टर प्लान’ का विमोचन व विभिन्न योजनाओं के शुभारंभ समारोह को सम्बोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि कृषि से वर्ष में जहां 180 दिनों का ही रोजगार मिल पाता है वहीं बांकी बचे दिनों के लिए भूमिहीन और छोटी जोत के लघु, सीमांत किसानों की आय का प्रमुख श्रोत पशुपालन है। भारत सरकार ने किसान क्रेडिट कार्ड की तरह मात्र 4 फीसदी ब्याज पर डेयरी, फिशरी और पाल्ट्री सेक्टर को भी ़ऋण देने का निर्णय लिया है। केन्द्र सरकार से आग्रह है कि इसे जल्द लागू किया जाय।
फिशरीज में अब बिहार का उत्पादन इतना बढ़ गया है कि यहां की 32 हजार टन मछलियां नेपाल, सिलीगुड़ी, लुधियाना, गोरखपुर, रांची जैसे अनेक स्थानों पर भेजी गयीं। राज्य में कुल 5 लाख 87 हजार टन मछली का उत्पादन हुआ है। मछली उत्पादन में बिहार आत्मनिर्भरता के करीब पहुंच गया है।
पहले बिहार में जहां इंसान का टीकाकरण भी ठीक से नहीं हो पाता था, वहीं आज गाय, भैंस, बैल और बकऱी इत्यादि का भी टीकाकरण किया जा रहा है। आधार नंबर के तर्ज पर राज्य में जानवरों को भी एक पहचान नंबर दिया जा रहा है जिससे उनके टीकाकरण समेत अन्य उचित देखभाल किया जा सके।
बिहार लाइवस्टॉक मास्टर प्लान के जरिए अगले 5 वर्ष में 6 हजार 300 करोड़ की राशि पशुपालन एवं उससे जुड़े क्षेत्रों पर खर्च करने की अनुशंसा की गयी है, जिसका केवल 16 प्रतिशत सरकार के माध्यम से और शेष निजी क्षेत्र को खर्च करना है। पॉल्ट्री, फिशरी और डेयरी में असीमित संभावनाओं के माध्यम से राज्य के किसानों की आय में वृद्धि की जाएगी
Download
MASTER PLAN-28-01-2019.pdf
MASTER PLAN-28-01-2019.docx



बजट पूर्व तीसरी रायशुमारी उद्योग, व्यवसाय केे प्रतिनिधियों के साथ
Date : 2019-01-27
पूर्व की भांति इस वर्ष भी बजट-2019-20 की तैयारी के लिए विभिन्न क्षेत्र के प्रतिनिधियों के साथ रायशुमारी के लिए आयोजित तीसरी बैठक में उद्योग, व्यवसाय व परिहन क्षेत्र के आमंत्रित प्रतिनिधियों के साथ सचिवालय स्थित सभा कक्ष में अपराह्न 03 बजे से बैठक आयोजित की गयी है। उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी की अध्यक्षता में होने वाली बैठक में आगामी बजट के लिए उनके सुझाव लिए जायेंगे। इसके पूर्व पहली बैठक ग्रामीण व शहरी निकाय के प्रतिनिधियांे तथा दूसरी बैठक कृषि, पशुपालन, मछली पालन, वानिकी व सहकारिता क्षेत्र के प्रतिनिधियों के साथ सम्पन्न हो चुकी है। मालूम हो कि 2005 में बिहार में एनडीए की सरकार बनने के बाद पहली बार जनआकंक्षाओं के अनुरूप बजट की तैयारी के लिए आम लोगों से रायशुमारी के साथ ही आर्थिक सर्वेक्षण रिपोर्ट जारी करने की परम्परा की शुरूआत की गयी थी। प्रतिवर्ष बजट पूर्व राय संग्रहित कर बजट तैयार करने में उसे अहमियत दी जाती है। बजट 2019-20 के लिए आम लोगों से उनका सुझाव आॅनलाइन व आॅफलाइन भी लिया गया है।
Download
PRE BUDGET MEET-27-01-2019.pdf
PRE BUDGET MEET-27-01-2019.docx



बिहार में स्वैच्छिक रक्तदाता 2 लाख, खुलेंगे और 9 नए ब्लड बैंक
Date : 2019-01-25
आईजीआईएमए में कैथलैब के नए उपकरण के उद्घाटन और केन्द्रीय पेट्रोलियम मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान द्वारा सांसद कोष से दी गयी 1.67 करोड़ की राशि से विस्तारित ब्लड बैंक भवन के शिलान्यस के बाद उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि बिहार में स्वैच्छिक रक्तदान करने वालों की संख्या पिछले डेढ़ वर्षों में 1.5 लाख से बढ़ कर 2 लाख हो गयी है। 9 नए ब्लड बैंक मोतिहारी, अररिया, अरवल, बांका, शिवहर, सुपौल, पटना सिटी, बेनीपुर और भागलपुर में खोलने और 80 ब्लड स्टोरेज को स्थापित करने की प्रक्रिया जारी है। फिलहाल राज्य में 78 ब्लड बैंक में से 37 सरकारी व शेष निजी क्षेत्र में हैं। 28 ब्लड बैंक सदर अस्पतालों में, 7 मेडिकल कॉलेजों, 1 आईजीआईएमएस व 1 मॉडल ब्लड बैंक हैं। 70 ब्लड स्टोरेज इकाई में से 55 क्रियाशील हैं। आने वाले दिनों में बाकी को भी क्रियाशील किया जायेगा।
श्री मोदी ने कहा कि 2019-20 में स्वास्थ्य सेवा को और बेहत्तर बनाने के लिए मैन पावर की समस्या काफी हद तक दूर हो जायेगी। बड़े पैमाने पर डॉक्टर पर नर्सिंग स्टाफ की नियुक्तियां की जायेंगी। 1150 डॉक्टरों की बीपीएससी में रिजल्ट बन कर तैयार है, मगर नियुक्ति का मामला कोर्ट में फंसा हैं। सदर अस्प्तालों की आईसीयू को दुरूस्त करने के लिए 2250 विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति प्रक्रियाधीन है। ब्लड बैंक की व्यवस्था को सुदृढ़ करने और उसके खुलने के समय को बढ़ाने, पीएमसीएच में 24 घंटे ब्लड बैंक को खुला रखने पर सरकार विचार कर रही है। 39 मेडिकल ऑफिसर व लैब तकनीशियनों को छह दिवसीय प्रशिक्षण हाल ही में नोयडा में दिलाई गयी है।
आधुनिकतम ऑटो एनलाइजर के जरिए जांच की सुविधा आईजीआईएमएस और पीएमसीएच में मरीजों को उपलब्ध कराई गई है। राज्य व केन्द्र सरकार के सहयोग तथा सांसद,विधायक व विधान पार्षदों द्वारा उपलब्ध कराई गयी निधि से आईजीआईएमस की चिकित्सीय व्यवस्था, स्वच्छता आदि को उम्दा करने से यह बिहार का नम्बर वन चिकित्सा संस्थान बन गया है।
Download
IGIMS-25-01-2019.PDF
IGIMS-25-01-2019.docx



270 करोड़ की लागत से बिहार में ‘क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क’ की शुरूआत
Date : 2019-01-24
अधिवेशन भवन में आयोजित तीसरा ‘नेशनल फॉरेंसिक कॉन्फ्रेंस’ को सम्बोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि अपराध के अनुसंधान का तरीका बदल चुका है। बिहार सरकार ने 270 करोड़ की लागत से ‘क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क सिस्टम’ की शुरूआत की है जिसके तहत अब तक 6 लाख 12 हजार एफआईआर दर्ज की गयी है। हर थाने में कम्प्यूटर लगाये जा रहे हैं। अब कम्प्यूटर की एक क्लिक से किसी अपराधी के चेहरे, उसके क्राइम रिकार्ड, पूरे देश में उस पर कहां-कहां एफआईआर दर्ज हैं, को जाना जा सकता है। थानों के अलावा कोर्ट और जेल को भी कम्प्यूटरीकृत किया जा रहा है। जेल में बंद अपराधियों को कोर्ट में लाये बिना भी उसका ट्रायल किया जा सकता है।
श्री मोदी ने कहा कि अपराध के अनुसंधान के पुराने तरीके बदल गए हैं। पहले घटना स्थल पर अपराधियों के छूटे कपड़े, अंगुली के निशान और कुत्तों की मदद से पुलिस अपराधियों के पहचान की कोशिश करती थी, मगर अब बाल की फॉरेंसिक जांच, नारको टेस्ट, कारतूस की जांच, किस आर्डिनेंस फैक्ट्री में वह बना, उसका बैच नम्बर क्या है, उक्त बैच की कारतूस किसने खरीदी? आदि के जरिए पुलिस अपराधियों तक पहुंच रही है।
अपने अनुभवों के आधार उन्होंने कहा कि आज से 40 साल पहले धारा 144 उल्ल्ांधन के एक मामूली मामले में मुम्बई पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार किया तो थाने में उनके फिंगर प्रिंट और पांवों के निशान लिए गए। आज पुलिस तकनीक की मदद से बेहतर तरीके से अनुसंधान कर रही है। बिहार में पूर्व डीजीपी अभयानंद ने फॉरेंसिंक लैब को सृदृढ़ कर अपराध के अनुसंधान में उसका उपयोग शुरू किया।
साइबर अपराध को बड़ी चुनौती बताते हुए कहा कि उसका मुकाबला आधुनिक तकनीक से ही संभव है। डाटा की सुरक्षा भी बड़ी चुनौती है। जिसके पास डाटा है, वहीं दुनिया पर राज करेगा। दुनिया के अनेक देशों में साइबर हैकर ‘किडनैपिंग फॉर रेनसम’ की तर्ज पर डाटा हैक कर फिरौती की मांग करते हैं। साइबर एक्सपर्ट इसके लिए रिकवरी डाटा सेंटर का निर्माण कर उसमें डुप्लीकेट डाटा स्टोर कर सुरक्षित रखते हैं। डाटा की सुरक्षा बड़ी चुनौती है।
आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस, रोबोटिक्स, नैनो टेक्नोलॉजी और जेनेटिक इंजीनियरिंग के इस दौर में जिसके पास हूनर है उसके लिए जॉब की कमी नहीं है। टेक्नोलॉजी आधारित चौथी औद्योगिक क्रान्ति के महत्व को देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने समझा है, इसलिए उसका लाभ लने में भारत आज सक्षम है।
Download
CONFERENCE-24-01-2019.PDF
CONFERENCE-24-01-2019.docx



31 दिसम्बर तक खेती के लिए अलग होगा बिजली का फीडर
Date : 2019-01-23
उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी की अध्यक्षता में वर्ष 2019-20 के बजट के पूर्व द्वितीय बैठक का आयोजन पुराना सचिवालय के सभागार में किया गया जिसमें कृषि मंत्री प्रेम कुमार, पशु एवं मत्स्य संसाधन मंत्री पशुपति कुमार पारस, सहकारिता मंत्री राणा रणधीर एवं गन्ना उद्योग मंत्री फिरोज अहमद तथा कृषि, पशुपालन, सहकारिता, वानिकी व गन्ना उद्योग प्रक्षेत्र के प्रतिनिधिगण व अन्य लोग उपस्थित थे।
बैठक को संबोधित करते हुए श्री मोदी ने कहा कि सुपौल में 1 लाख लीटर के डेयरी संयंत्र, समस्तीपुर एवं हाजीपुर मे ं30-30 मी.टन के पाउडर प्लांट एवं पटना व नालंदा में 20-20 हजार किलो दैनिक क्षमता के आईसक्रीम संयत्र स्थापित किये गये हैं। चालू वित्तीय वर्ष में ही समस्तीपुर में 5 लाख लीटर दैनिक क्षमता का डेयरी संयत्र कार्यशील हो जाएगा।
उन्होंने कहा कि सुधा डेयरी के समान ही सब्जी के प्रसंस्करण एवं वितरण हेतु प्रारम्भ की गई बिहार राज्य सब्जी प्रसंस्करण एवं विपणन योजना के तहत 5 जिलों का चयन कर इनका एक संघ बनाया गया है। इन जिलों में त्रि-स्तरीय सहकारी व्यवस्था के तहत प्रखण्ड स्तर पर 93 प्राथमिक सब्जी उत्पादक सहयोग समितियों का निबंधन भी हो चुका है तथा प्रत्येक समिति को 20 लाख 60 हजार रू0 उपलब्ध कराया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि धान अधिप्राप्ति हेतु पैक्सों को दिये जा रहे कैश क्रेडिट के दर को 11ः से घटाकर 8ः कर दिया गया है। 6.5 हजार करोड़ व्यय कर 31 दिसम्बर तक अलग कृषि फिडर का निर्माण पूरा कर लिया जायेगा जिससे किसानों को सस्ती सिंचाई के लिए 75 पैसे प्रति यूनिट की दर से प्रतिदिन 7-8 घंटे बिजली की आपूर्ति की जायेगी। राज्य सरकार ने किसानों को डीजल अनुदान, कृषि इनपुट सब्सिडी एवं फसल सहायता योजना के तहत लगभग 2 हजार करोड़ का प्रावधान किया है। कृषि एवं संबद्ध प्रक्षेत्रों के प्रतिनिधियों ने गैर रैयत किसानों को सरकारी सुविधाओं का लाभ देने, जगली जानवर से फसल नुकसान की भरपाई, धान अधिप्राप्ति में तेजी लाने, पैक्स प्रबंधकों को मानदेय, एस.एफ.सी. द्वारा भुगतान में विलंब, बाजार समिति को पुनर्जीवित करने, मछली चारा एवं मत्स्य पालन से संबंधित यंत्रों पर सब्सिडी देने, पोपुलर पेड़ों के लिए बाजार उपलब्ध कराने, खराब नलकूपों की मरम्मति आदि के सुझाव दिये।
Download
Press Release 23-01-2019.pdf
Press Release 23-01-2019.docx



तकनीक व आविष्कार से कृषि उत्पादकता बढ़ाएं युवा
Date : 2019-01-21
होटल मौर्या में आयोजित ‘एल. एन. मिश्रा न्यू इंडिया चेंज मेकर अवार्ड’ समारोह को सम्बोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने बिहार के नौजवानों से अपील किया कि वे अपनी योग्यता, प्रतिभा और इनोवेशन से राज्य की कृषि उत्पादकता को बढ़ाने, जलवायु परिवर्तन और जल संकट जैसी समस्याओं का समाधान ढ़ूंढ़ें।
श्री मोदी ने कहा कि दुनियां चौथी औद्योगिक क्रांति के दौर से गुजर रही है। यह जमाना रोबोटिक, आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस, नैनो टैक्नोलॉजी और 3 डी प्रिंटिंग का है। भारत पहली व दूसरी औद्योगिक क्रांति के लाभ से वंचित रहा और तीसरी का भी समुचित लाभ नहीं उठा पाया। अब हम चौथी औद्योगिक क्रांति का लाभ उठाने में सक्षम हैं।
पिछले 12 वर्षों में दुनियां में जितना इनोवेशन हुआ उतना पिछले हजार वर्षों में भी नहीं हुआ था। ओला कैब, फ्लिपकार्ट, पेटीएम, मेक माई ट्रिप, जोमैटो और योए जैसे भारतीय युवाओं के इनोवेशन ने देश व दुनियां को बदलने में अपनी महती भूमिका निभाई हैं।
एल.एन. मिश्रा कॉलेज ऑफ बिजनेस मैनेजमेंट ने डॉ. प्रहलाथन के.के. जैसे युवा को न्यू इंडिया चेंज मेकर अवार्ड प्रदान कर उन युवाओं के लिए मिशाल कायम की है जो अपनी लगन, मेहनत और इनोवेशन से समाज के बदलने में लगे हैं।
समारोह में डॉ. जगन्नाथ मिश्र की 22वीं पुस्तक “बिहार बढ़कर रहेगा“ के लोकार्पण पर कहा कि देश में शायद ही ऐसा कोई दूसरा राजनेता हो जिसने अपने जीवनकाल में इतनी पुस्तकें लिखी हों।
Download
TECHNOLOGY-21-01-2019.pdf
TECHNOLOGY-21-01-2019.docx



Insert title here